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नेपाल के भटके हाथी ने आतंक मचाकर भारत-नेपाल सीमा पर ली दो की जान

18 Jun, 2021 1123

संवाददाता/in24 न्यूज़.
एक हाथी की वजह से भारत-नेपाल सीमा पर लगातार तनाव के हालात बने हुए हैं। पहले सीमावर्ती क्षेत्रों से जवानों व आमजन के बीच झड़पों की खबरें आई थीं। लेकिन अब नेपाल से भटकर बिहार के अररिया में पहुंचे सफेद हाथी ने सीमावर्ती गांवों में लोगों को आतंकित कर दिया। सीमावर्ती इलाकों में पड़ने वाले अररिया जिले में गुरुवार को नेपाल से आए जंगली हाथी के गांव में घुसने की खबर से लोगों से बीच हड़कंप मच गया। गांव में लोगों को भयभीत करने वाले इस हाथी की एक वीडियो भी सामने आई है, जिसमें लोग इस हाथी को भगाने का प्रयास करते हुए दिखाई दे रहे हैं।  जानकारी केमुताबिक अररिया जिले के नरपतगंज प्रखंड क्षेत्र के मानिकपुर पंचयात में हाथी घुस आया। हाथी दिखने की सूचना जैसे ही गांव वालों को लगी, यह खबर पूरे क्षेत्र में आग की तरह फैल गई। लोग तुरंत ही क्षेत्र को खाली करने लगे और इसकी सूचना पुलिस और एसएसबी जवानों को दी गई। वैसे इतनी ही देर में ही हाथी ने गांव में काफी आतंक मचा दिया और खड़ी फसलों को तबाह कर दिया। यही नहीं, गजराज ने कई कच्चे घरों को क्षतिग्रस्त कर दिया। इसके अलावा यहीं पर हाथी एक बच्चे समेत दो लोगों को कुचलकर मौत के घाट उतार दिया। जानकारी के मुताबिक मानिकपुर पंचायत के वार्ड-15 के रहने वाले राजू महतो का आठ 8 वर्षीय बेटा खेत में खेल रहा था। उस बच्चे पर जंगली हाथी ने हमला कर दिया, जिससे मौके पर ही उस बच्चे ने दम तोड़ दिया। वहीं हाथी के हमले में मारा गया दूसरा दूसरा व्यक्ति सोनापुर पंचायत के चकोडवा वार्ड 6 का रहने वाला 28 वर्षीय युवक है। अबतक मृतक युवक की पहचान नहीं हो सकी है। हाथी द्वारा दो लोगों मार दिए जाने की खबर सुनकर ग्रामीण में भय का माहौल कायम है। हाथी के कहर से बचने के लिए ग्रामीण यहां-वहां छुपने का प्रयास कर रहे हैं।  मामले की जानकारी मिलते ही फुलकाहा थाना अध्यक्ष हरेश तिवारी और एसएसबी कैंप प्रभारी एसआई दुर्गेश पांडे के द्वारा लोगों की भीड़ को खाली करवाया गया। वहीं, सूचना मिलने के साथ ही अररिया तथा बथनाहा से वन विभाग के कर्मियों ने मौके पर पहुंचकर हाथी को अररिया के ग्रामीण क्षेत्र से निकालने का प्रयास किया। इस सब के बीच बथनाहा पुलिस, फुलकाहा पुलिस, वन विभाग के कर्मी तथा एसएसबी के जवान द्वारा जंगली हाथी को भगाने का भरपूर प्रयास किया गया, जिसके बाद हाथी अपनी मदमस्ती दिखाते हुए जोगबनी थाना क्षेत्र के नीरपुर होते हुए नेपाल की ओर चला गया। अब भी इलाके के लोगों में भयभीत हैं। बताया जा रहा है कि अररिया से हाथी को निकालने के लिए वन विभाग की टीम की ओर से आग का लुक्का और बंदूक की आवाज का इस्तेमाल किया गया। फिलहाल हठी के लौट जाने से एक बड़ी राहत मिली है।

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