किसानों के साथ सरकारी बातचीत का आज पांचवां दिन
संवाददाता/in24 न्यूज़.
सरकार और किसानों के बीच बातचीत जारी तो है, पर आज पांचवें दिन भी इसकी ज़रूरत बानी हुई है. कृषि कानूनों के खिलाफ जारी किसानों का प्रदर्शन दसवें दिन भी जारी है। प्रदर्शन को खत्म करने के लिए आज शनिवार को सरकार और किसान नेताओं के बीच पांचवी वार्ता होगी। पांचवे दौर की वार्ता में सरकार की तरफ से कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर खाद्य मंत्री पीयूष गोयल और वाणिज्य और उद्योग राज्य मंत्री सोम प्रकाश मौजूद रहेंगे। ये उन बिंदुओं पर विचार-विमर्श करेंगे जो किसान नेताओं ने उठाए थे और उसका समाधान पेश करेंगे। सूत्रों के मुताबिक, सरकार ने उन प्रावधानों के संभावित समाधान पर काम किया है, जिन पर कृषि नेताओं ने आपत्तियां जताई हैं। सरकार ने आज गतिरोध भंग होने की उम्मीद जताई है ताकि किसानों का विरोध प्रदर्शन जल्द से जल्द खत्म हो। बृहस्पतिवार को पिछली बैठक में, तोमर ने 40 किसान संगठनों के नेताओं को आश्वासन दिया था कि सरकार एपीएमसी (कृषि उपज बाजार समिति) मंडियों को मजबूत करने, प्रस्तावित निजी बाजारों के साथ प्रतिस्पर्धा का समान स्तर बनाने और विवाद समाधान के लिए उच्च न्यायालयों का दरवाजा खटखटाये जा सकने का प्रावधान करने के लिए खुले मन से विचार करने को तैयार है। सरकार ने इस बात पर जोर दिया था कि न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीद व्यवस्था जारी रहेगी। लेकिन किसान कृषि कानूनों को निरस्त करने की अपनी मांग पर अड़े हुए हैं। उनका कहना है कि इन कानूनों में कई खामियां और कमियां हैं और इन्हें संशोधन नहीं किया जा सकता है। ये देखने की जरूरत है कि क्या किसान नेता, सरकार द्वारा पेश किए जाने वाले समाधानों को स्वीकार करेंगे और अपने विरोध प्रदर्शन को समाप्त करेंगे। इस बीच, भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने धमकी दी है कि अगर सरकार मांगों को पूरा करने में विफल रही तो किसानों का आंदोलन तेज होगा। बता दें कि देश के अनेक जानेमाने खिलाडी और सामाजिक संगठनों से जुड़े लोग भी किसानों का साथ देने की अपील कर रहे हैं.