जर्मन के एक छात्र ने सीएए के खिलाफ बोला तो वीजा हुआ रद्द
संवाददाता/in24 न्यूज़.
देश भर में नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ लोगों ने अपने-अपने तरीके से विरोध किया, लेकिन जब जर्मनी से आये एक स्टूडेंट ने अपना विरोध प्रदर्शित किया तो सरकार ने आईटी मद्रास में जर्मन एक्सचेंज के छात्र जैकब लिंडेंथल के वीजा को रद्द कर दिया है. दो महीने पहले दिसम्बर में नए नागरिकता कानून के खिलाफ विरोध प्रदर्शनों में भाग लेने के बाद छात्र को देश छोड़ने के लिए कहा गया था. एक रिपोर्ट के अनुसार लिंडेनथल ने कहा कि जर्मनी में भारतीय दूतावास ने 8 फरवरी को उन्हें सूचित किया कि उनका वीजा रद्द कर दिया गया है. उन्होंने कहा कि मुझे इस फैसले के पीछे कोई कारण नहीं दिया गया है. लिंडेंथल तकनीकी विश्वविद्यालय-ड्रेसडेन (टीयूडी) का छात्र है और दोनों संस्थानों के बीच सहयोग के तहत आईआईटी-मद्रास के भौतिक विभाग में अध्ययन कर रहा है. वह 26 जुलाई 2019 को आईआईटी-मद्रास आया था और उसने इस साल मई तक अपना पाठ्यक्रम पूरा कर लिया था. रिपोर्ट के अनुसार टीयूडी के प्रेस कार्यालय और जनसंपर्क प्रमुख किम मैगीस्टर ने एक ईमेल में कहा कि लिंडेंथल का वीजा अब आधिकारिक रूप से रद्द कर दिया गया है, जिसका अर्थ है कि वह अब अपने छात्र विनिमय को जारी रखने के लिए भारत की यात्रा करने में सक्षम नहीं है. हालांकि वह आईआईटी मद्रास में सफलतापूर्वक एक सेमेस्टर पूरा करने में सक्षम रहे. इस अवधि के लिए वह हमारे सहयोगी विश्वविद्यालय से रिकॉर्ड की एक प्रति प्राप्त कर सकते हैं.